घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच बारीकी से साक्ष्य संकलन व आवश्यक दिशा निर्देश दिए। प्रकरण की विवेचना, साक्ष्य संकलन एवं आसपास के अन्य लोगो से की गई पूछताछ में मृतक की बहू रंजना तिवारी के घटना कारित करने के संकेत मिले। इसके बाद पुलिस टीम ने संदेही रंजना तिवारी से बारीकी से पूछताछ की। पूछताछ के दौरान रंजना ने जुर्म स्वीकार करते हुए बतया कि उसके ससुर चंद्रप्रकाश तिवारी ने आपसी विवाद एवं पारिवारिक कारणो से उसे घर से निकाल दिया था एवं अपनी सम्पत्ति देने से साफ इनकार कर दिया था। उनका कहना था कि कुछ भी हो जाए वह अपनी बहु बेटे को कुछ भी नहीं देंगे। इसी बात को लेकर वह ससुर से द्वेष रखती थी। उसे पता था कि मृतक घर के बाहर सोता है। घटना दिनांक की रात वह अपने घर ग्राम बडख़ेरा से ग्राम बिरसिंहपुर पहुंची और कुल्हाड़ी से वार कर ससुर की हत्या कर कुल्हाडी एवं घटना के दौरान टूटी चूडिय़ो के रास्ते में बन्ना नाला में फेंक दिया।
महिला आरोपी रंजना तिवारी की निशादेही पर घटना में प्रयुक्त कुल्हाडी एवं टूटी चूडिय़ों के टुकड़े काफी प्रयास से बरामद किए गए। कार्रवाई में थाना प्रभारी कोतवाली बालेन्द्र शर्मा व चौकी प्रभारी बिलासपुर कोमल दीवान एवं उनकी टीम की सराहनीय भूमिका रही।











