Singrauli News: पिछले कुछ समय से सिंगरौली नगर निगम काम से ज्यादा विवादों के कारण सुर्खियों में रह रहा है। ताज़ा मामला भाजपा V/S सभी राजनीतिक दलों के पार्षद का है। दरअसल, भारतीय राष्ट्रीय कॉग्रेस पार्टी, आम आदमी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी सहित निर्दलीय पार्षदों ने राज्यपाल से लिखित शिकायत की है और शिकायती पत्र इन सभी ने कलेक्टर को सौंपा है।
शिकायती पत्र में कहा गया है कि शासन की मंशा अनुरूप नगरपालिक निगम सिंगरौली क्षेत्र में समग्र आई.डी., कर्मकार कार्ड, सभी पेशन योजनाएँ, सम्बल कार्ड, आयुष्मान कार्ड, खाद्यान्न पात्रता पर्ची समेत अन्य शासकीय योजनाएँ वार्डो के जरूरतमंदों को दिया जाना होता है। जिसमें सभी वार्डो के पार्षदों ने अपने-अपने क्षेत्र में कई माह के अथक प्रयास से सभी जरूरतमंद हितग्राहियों को चिन्हित कर अपने वार्ड प्रभारी को मार्गदर्शित कर फॉर्म भरवाने में अपना-अपना सहयोग प्रदान दिया है, लेकिन बहुत ही दुर्भाग्य की बात है कि जब हितग्राहियों को इन शासकीय का लाभ देने का समय आया तो हालही में 10 दिसम्बर को मुख्यमंत्री जनसेवा अभियान का आयोजन कर हितग्राहियों को सरकारी योजनाओं के कार्ड आदि का वितरण कर दिया गया।
जो-जो वार्ड भारतीय राष्ट्रीय कॉग्रेस पार्टी, आम आदमी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी सहित निर्दलीय पार्षदों के हैं उनमें भी भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्त्ताओं को महिमामण्डित करने के लिए कलेक्टर के आदेश पर नगरपालिक निगम सिंगरौली के अधिकारी व कर्मचारियों पर दबाव बनाया गया और पूरे कार्यक्रम को भारतीय जनता पार्टी के नेताओं सहित कार्यकर्त्ताओं को श्रेय देने का कार्य किया गया। इससे हम सभी पार्षदों के अधिकारों का हनन कर उपेक्षा की गई है। इस पत्र में पार्षदों ने अनुरोध किया है कि इस मामले में संलिप्त दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निलंबित कर जॉच कराई जाए और कठोर दण्ड भी दिया जाय।
ज्ञापन सौंपने में शामिल पार्षद
अखिलेश सिंह, शेखर सिंह, रामगोपाल पाल, रविंद्र पटेल, शत्रुघ्न साह, नीलम गुप्ता, खुर्शीद आलम, अनिल वैश्य, पिंकी जेपी सिंह, श्यामा चंद्रिका देवी, नीलू विश्वकर्मा, अंजना साह, शिव कुमारी कुशवाहा, शंकर प्रसाद, बब्बी गेंदालाल शाह, रीता देवी समेत अन्य पार्षद शामिल रहे।