Sports News: अदाणी फाउंडेशन ने कयक वॉलीबॉल टूर्नामेंट का आयोजन; जानिए कौन बना चैम्पियन
मझौली गांव में आयोजित इस टूर्नामेंट में गोंडबहेरा उज्जैनी एवं गोंडबहेरा उज्जैनी ईस्ट परियोजना के आसपास के आठ गांवों की टीमों के 80 खिलाड़ियों ने भाग लिया। शुक्रवार को हुए फाइनल मुकाबले में कुंडा की टीम ने मझौली की टीम को 3-0 से पराजित कर विजयी ट्रॉफी पर कब्जा जमाया। अदाणी फाउंडेशन की ओर से विजेता टीम को गोल्ड मेडल और उपविजेता टीम को सिल्वर मेडल देकर सम्मानित किया गया।
टूर्नामेंट में भाग लेने वाले सभी 80 प्रतिभागियों एवं 10 वालंटियर्स को वॉलीबॉल जर्सी सेट और मोमेंटो प्रदान कर उनका मनोबल बढ़ाया गया।
इस पहल का उद्देश्य स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और सामुदायिक मेलजोल के लिए एक साझा मंच उपलब्ध कराना था, ताकि ग्रामीण समुदायों में खेल भावना, शारीरिक फिटनेस और युवाओं की भागीदारी को प्रोत्साहित किया जा सके। टूर्नामेंट में गोंडबहेरा उज्जैनी परियोजना के उज्जैनी, तलवा, देवरा और तीनगुड़ी गांवों के खिलाड़ियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जबकि गोंडबहेरा उज्जैनी ईस्ट परियोजना के मझौली, कुंडा, मनिहारी एवं पचौर गांवों के खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। सेमीफाइनल मैच में मझौली की टीम ने रोमांचक मुकाबले में मनिहारी की टीम को 2-1 से हराया, जबकि कुंडा की टीम ने देवरा की टीम को 2-0 से पराजित कर फाइनल में जगह बनाई। फाइनल में कुंडा गांव की टीम ने असाधारण टीमवर्क और कौशल का प्रदर्शन करते हुए मझौली की टीम को 3-0 से हराकर विजेता ट्रॉफी अपने नाम कर ली।
खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करने के लिए इस अवसर पर मझौली पंचायत के सरपंच श्री श्यामले पनिका, पचौर पंचायत के सरपंच श्री मुन्नीलाल रावत, अन्य जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे। अदाणी समूह के कई अधिकारियों की मौजूदगी ने टूर्नामेंट के सफल संचालन में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इस खेल आयोजन का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण प्रतिभा को निखारना और ग्राम स्तरीय खिलाड़ियों को बेहतर मंच उपलब्ध कराना है, ताकि समाज में खेल के प्रति जागरूकता बढ़े और स्थानीय युवाओं को प्रोत्साहन मिल सके।
अदाणी फाउंडेशन की योजना है कि भविष्य में भी ऐसे ही प्रतियोगिताओं का आयोजन कर नई सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाएँ, ताकि ग्रामीण बच्चों के हुनर को तलाशा जा सके और वे अपने समाज एवं राज्य का नाम देशभर में रोशन कर सकें। ग्रामीणों का मानना है कि इस तरह के टूर्नामेंट से स्थानीय युवा खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बढ़ता है और उनकी छिपी हुई प्रतिभा सामने आती है। उनका कहना है कि युवाओं की प्रतिभा को संवारने के लिए समय-समय पर टूर्नामेंट का आयोजन आवश्यक है।
खेल खेलने से व्यक्ति को जीवन के हर क्षेत्र में जीतने की प्रेरणा मिलती है, साथ ही शारीरिक और मानसिक विकास भी होता है। गौरतलब है कि अदाणी फाउंडेशन के सहयोग से अब तक सिंगरौली जिले में विभिन्न खेल टूर्नामेंट आयोजित किए जा चुके हैं और आगे भी समय-समय पर विभिन्न ग्राम पंचायतों द्वारा इस तरह के आयोजनों में सहयोग किया जाता रहेगा, ताकि स्थानीय खिलाड़ियों की प्रतिभा निखरकर सामने आ सके।